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पीसीएस से तरक्की पाए आईएएस अफसरों पर हुई  योगी सरकार मेहरबान 


PRANAY VIKRAM SINGH 07/02/2018 16:22:10
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लखनऊ :  दशकों से उपेक्षा और उलाहना के काले बादलों से घिरी उ.प्र. की प्रांतीय सिविल सेवा यानी पीसीएस संवर्ग, योगी सरकार की नजरे-ए-इनायत की रौशनी से दमक उठी है। योगी सरकार ने जिस तरह से राज्य के कुल 75 जिलों में आधे से ज्यादा यानी 39 में जिलाधिकारी के पदों पर पीसीएस से प्रोन्नत आईएएस अफसरों को तैनाती दी है, वह तस्दीक करती है कि पीसीएस संवर्ग के अफसरों के खाते में मुख्यमंत्री योगी की मेहरबानी की रकम छप्पर फाड़ कर जमा हो रही है। 

गौरतलब है कि विगत दो दशकों के मध्य पदोन्नति एवं नियुक्ति के मामले में घोर अंधकार के दौर से गुजर रहे इस संवर्ग को पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की अगुवाई वाली सरकार में उजाले की कुछ किरण हासिल हुई थीं लेकिन योगी आदित्यनाथ सरकार ने जो, इन पदोन्नत अफसरों पर विश्वास दिखाया है वह यकीनन उपेक्षित महसूस कर रहे पीसीएस संवर्ग के अफसरों के आत्मविश्वास में वृद्धि करेगा। 
 

आम तौर पर यह माना जाता है कि जिलों के प्रशासन के कुशल प्रबंधन में कार्यकारी पदों पर अधिक अनुभव रखने वाले अफसर ज्यादा कामयाब होते हैं और यही वजह है कि पिछले कई दशकों से उत्तर प्रदेश को छोड़ कर देश के ज्यादातर राज्यों में जिलाधिकारी अथवा डीसी के पदों पर राज्य सिविल सेवा से तरक्की पाकर भारतीय प्राशासनिक सेवा में आये अफसरों की तैनाती सीधी भर्ती से आये आईएएस अफसरों के मुकाबले संख्या में काफी अधिक होती रही है। किंतु उत्तर प्रदेश में पीसीएस से आईएएस में प्रोन्नति की रफ्तार बेहद सुस्त होती आई है नतीजतन लम्बे समय तक सीधी भर्ती के आईएएस अफसरों का जिलों और मंडलों की तैनाती में एकाधिकार जैसा रहा है। काबिल-ए-तारीफ थी अखिलेश यादव सरकार की वह पहल जिसके कारण केंद्र सरकार के डीओपीटी से बेहतर समन्वय बनाकर बड़ी संख्या में पीसीएस अधिकारियों को आईएएस संवर्ग में प्रोन्नति का मार्ग प्रशस्त हुआ। 
 

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#राज्य के 75 में 39 जिलों में डीएम पद पर तैनात हैं प्रोन्नत अधिकारी

# योगी सरकार ने एक महिला अफसर सहित पांच मंडलों में बनाये कमिश्नर

#सहारनपुर मंडल के सभी जिलाधिकारी हैं पीसीएस से  प्रोन्नत  अफसर

 

यहां यह जानना दिलचस्प होगा कि 1976 बैच के सिर्फ एक अफसर चरणजीत सिंह बक्शी को आईएएस में प्रोन्नति के साथ डीएम के पद पर तैनाती मिली थी, शेष बैच और आगे के बैच के अफसरों को वर्षों तक तरक्की का इन्तजार करना पड़ा था। अगर पिछले दो दशकों का इतिहास देखें तो संवर्ग पुनर्गठन न होने के चलते कई दर्जन ऐसे पीसीएस अफसर आईएएस में प्रोन्नति नहीं पा सके और रिटायर हो गए जो सर्वथा योग्य थे। इन हालातों से आजिज कई अफसरों ने तो ज्यादा विलम्ब और वेतन की दृष्टि से आर्थिक नुकसान को देखते हुए आईएएस संवर्ग में जाने से ही इंकार कर दिया था। 

फिलहाल आज योगी सरकार में प्रदेश के जिलों और मंडलों में मंडल कमिश्नर और जिलों के जिलाधिकारियों की तैनातियों पर नजर डालें तो सूबे के 75 जिलों में से 39 जिलों के डीएम प्रोन्नति पाए आईएएस अफसर हैं। इसके अलावा सूबे के 18 मंडलों में 5 मंडल के कमिश्नर भी प्रमोटी आईएएस ही हैं। इन पांच अफसरों में झांसी में कुमद श्रीवास्तव, मिर्जापुर में मुरली मनोहर लाल, फैजाबाद में मनोज मिश्रा, बस्ती में दिनेश कुमार सिंह और चित्रकूट मंडल में राम विशाल मिश्रा शामिल हैं। 
 

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प्रोन्नति पायी महिला अफसरों की प्रदेश में कुल 09 जिलों में जिलाधिकारी के पद पर और एक मंडल में कमिश्नर के पद पर तैनाती है, जिनमें दो प्रमोटी आईएएस सुल्तानपुर संगीता सिंह और अमेठी में शकुन्तला गौतम डीएम के पद पर तथा कुमुद श्रीवास्तव मंडलायुक्त के पद पर तैनात हैं। योगी सरकार का इन प्रोन्नति पाए अधिकारियों पर भरोसे का आलम यह है कि प्रदेश के महत्वपूर्ण मंडलों में से एक फैजाबाद मंडल में मंडलायुक्त से लेकर सभी जिलों के जिलाधिकारी ये प्रोन्नत अफसर हैं। वहीं सहारनपुर मंडल में कमिश्नर आईएएस लेकिन मंडल के सभी जिलों के डीएम प्रमोटी आईएएस अफसर ही हैं। 

 

योगी सरकार ने प्रदेश के जिन जिलों में प्रमोशन से आईएएस बने अफसरों को जिलाधिकारी बनाया है उसमें आजमगढ़, बलिया, मैनपुरी, मथुरा, कासगंज, बरेली, कानपुर देहात, कन्नौज, औरैया, गोरखपुर, महराजगंज, चित्रकूट, हमीरपुर, महोबा, ललितपुर, गोंडा, बहराईच, बलरामपुर, फैजाबाद, बाराबंकी, आंबेडकर नगर, सुल्तानपुर, अमेठी, बंदायूं, बस्ती, संतकबीर नगर, मिर्जापुर, सोनभद्र, मुरादाबाद, बिजनौर, संभल, गौतमबुद्धनगर, लखीमपुर, वाराणसी, चंदौली ,सहारनपुर, शामली, मुजफ्फर नगर और बांदा जैसे महत्वपूर्ण जिले शामिल हैं।  

 

अब योगी सरकार का यह निर्णय प्रशासनिक व्यवस्था के इतिहास में रचनात्मक और सफल प्रयोग के तौर पर गिना जायेगा या दिल्ली से दौलताबाद की कहावत का विस्तार, यह तो वक्त ही बतायेगा लेकिन यह तो तय है कि पीसीएस अधिकारियों के प्रशासनिक करियर में दशकों से कायम तवील अंधेरों को योगी सरकार की नजर-ए-इनायत ने चांदनी में तब्दील कर दिया है। 

 

 

 

Web Title: Yogi government on IAS officers promoted from PCS ( Hindi News From Newstimes)


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