मुख्य समाचार
विश्व कप में खिलाड़ियों के साथ जा सकेंगी पत्नियां पर BCCI ने लगाई तमाम बंदिशें साध्वी प्रज्ञा का मुंबई हमले में शहीद हेमंत करकरे को लेकर विवादित बयान अवैध कमाई के लिए डग्गामार वाहनों पर मेहरबान है पुलिस— प्रशासन मायावती ने मुलायम की मौजूदगी में मंच किया खुलासा - गेस्टहाउस कांड के बाद भी इसलिए हुआ गठबंधन इंस्टाग्राम को लेकर आई बड़ी खबर, यूजर्स का पासवर्ड असुरक्षित तरीके से स्टोर हाईकोर्ट से भाजपा विधायक को बड़ा झटका, सुनाई गयी आजीवन कारावास की सजा  प्रियंका ने राहुल गांधी को सौंपा अपना इस्तीफा #IPL2019 : दिल्ली कैपिटल्स को 40 रन से हराकर मुंबई पहुंची दूसरे स्थान पर जेट एयरवेज की हवाई सेवाएं बंद होने पर निराश हुए फिल्मी सितारे साध्वी प्रज्ञा के खिलाफ NIA कोर्ट में याचिका दायर, चुनाव लड़ने पर रोक की मांग बुधवार को जेट एयरवेज ने भरी आखिरी उड़ान कोई भी अपराजेय नहीं है, सबको हराया जा सकता है : आचार्य प्रमोद कृष्णम World Cup के लिए ईशांत, सैनी और अक्षर होंगे टीम इंडिया के स्टैंड बाई राज्यपाल को पीजीआई में लगाया गया पेसमेकर, पूरी तरह हैं स्वस्थ
 

फर्जी एनकाउंटर के बाद गरौठा एसडीएम की अवैध खनन वसूली की कलई खोलती रिपोर्ट


SMT. HARSHITA PATAIRIYA 17/06/2018 19:58:15
132 Views

- एसडीएम की गाड़ी से प्राईवेट लोगों द्वारा हो रही थी अवैध खनन की चैकिंग
- फोटो लेने पर होमगार्ड से सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करने का मामला दर्ज कराया

झांसी। शासनादेश जारी हुए चंद दिन नहीं बीते हैं कि बिना खनिज अधिकारी की अनुमति लिए पुलिस कर्मी भी अवैध खनन की जांच के लिए नहीं जा सकते हैं। बाबजूद इसके शासनादेश को धता बताकर गरौठा एसडीएम का गैर सरकारी स्टाफ एसडीएम की कार लेकर आधी रात के बाद अवैध खनन की जांच करने जा पहुंचा। इसी दौरान वहां ट्रैक्टर चालक ने एसडीएम की कार में बैठे लोगों की फोटो ले ली। इसी से एसडीएम की वसूली की कलई खुल गई। होमगार्ड द्वारा आरोप लगाया गया कि जांच करने पर खनन माफियाओं ने एसडीएम के संविदा कर्मियों और होमगार्डों से मारपीट कर दी। यही नहीं नियमों को अनदेखा करते हुए आनन फानन में प्राइवेट स्टफ की मारपीट में सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करने का मुकदमा भी ठोक दिया गया। 

जनपद मुख्यालय से करीब 100 किमी दूरी पर स्थित गरौठा कस्बे में यह घटना घटित हुई। सरकार की तरफ से यहां स्थित बेतवा, धसान नदी में बालू के पट्टे जारी किए गए हैं, नदियों में जमकर अवैध खनन किया जा रहा है जो सरकारी छाया में जमकर फल फूल रहा है। तमाम कोशिशों के बाद भी अवैध खनन नहीं रुक रहा है। सूत्रों की मानें तो अवैध खनन माफियाआें के पीछे सरकारी मशीनरी है।  

प्रश्नों के साए में एसडीएम गरौठा का बयान

एसडीएम गरौठा सुनील शुक्ला ने बताया कि डीएम ने अवैध खनन/परिवहन रोकने के लिए तहसील स्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया है। एक सूचना पर उन्होंने अपने स्टॉफ को गाड़ी सहित भेजा, वहां गार्ड-गनर ने टै्रक्टर रोकने का प्रयास किया तो अवैध खनन करने वाले ट्रैक्टर छीनकर भाग गए और बालू वहीं फेंक गए, उनके स्टॉफ के साथ मारपीट की, क्योंकि उनके स्टॉफ ने टै्रक्टर को रोकना चाहा था। हालांकि यह अलग बात है कि मारपीट में गार्डस को चोटें नहीं आई हैं। लाख टके का सवाल है कि संविदा कर्मी और होमगार्डस को टै्रक्टर चेक करने का अधिकार एसडीएम ने दिया ही क्यां? जबकि पुलिस भी बिना खनिज अधिकारी की परमिशन लिए अवैध खनन /परिवहन की गाड़ियां चेक नहीं कर सकती। सबसे बड़ा सवाल टै्रक्टर आने की सूचना मिली तो एसडीएम और सीओ खुद क्यों नहीं गए।  फिर संविदा कर्मियों और होमगार्डस चेक करने की हिमाकत कैसे की, इस सारे सवालों के इतर इन पर कार्रवाई क्यां नहीं की गई।   

बोले सीओ गरौठा अभय नारायण राय

सीओ गरौठा अभय नारायण राय का कहना है कि एसडीएम और मैं अवैध खनन की रोकथाम के लिए थाने के पास खड़े थे। सूचना मिली कि कस्बा गरौठा के पास से एक टै्रक्टर अवैध खनन का आ रहा है। इसके बाद एसडीएम साहब ने अपनी गाड़ी में गनर, स्टैनो और स्टॉफ को भेजा कि आप जाओ देख आओ कि सूचना सही है तो बताओ वहां हम लोग आ जायेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि होमगार्डस दो तरह के होते हैं एक वैतनिक दूसरे अवैतनिक। एसडीएम के साथ वैतनिक वाले होमगार्डस रहते हैं। जोकि सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न कराने का मुकदमा दर्ज करा सकते हैं।

यह है असली कहानी!

शनिवार/रविवार रात करीब दो बजे गरौठा निवासी किसान जीतू बुन्देला का ट्रैक्टर चालक हरिओम उनकी जमीन की जुताई करके वापस लौट रहा था। इस दौरान कस्बे में ही एसडीएम की गाड़ी ने आकर उसे रोक लिया। चालक को लगा कि गाड़ी में एसडीएम बैठे हुए हैं,  कार से उतरे गैर सरकारी लोग सुविधा शुल्क की मांग करने लगे। चालक ने मामले की जानकारी मालिक जीतू को दी तो जीतू अपने परिजनों के साथ वहां जा पहुंचे। एसडीएम की गाड़ी में उनके प्राइवेट स्टाफ को देखकर जीतू ने पूछा कि उनका टै्रक्टर क्यों रोका गया है। स्टाफ ने उनसे कहा कि टै्रक्टर को अवैध खनन के चलते रोका गया है बिना 20 हजार रुपये में यह नहीं छूटेगा। इसी बीच जीतू ने कार में बैठे गैर सरकारी कर्मियों की फोटो ले ली, इससे वे बौखला गए। सुबह इस मामले में जीतू समेत उनके आधा दर्जन परिजनों व आधा दर्जन अज्ञात लोगों के खिलाफ होमगार्डस शिवराम पाल ने तहरीर देकर एसडीएम की टीम पर हमलाकर बालू से भरे ट्रैक्टर को छुड़ा ले जाने का मुकद्मा दर्ज करा दिया।

जीतू बुंदेला का कहना है 

करीब 2 बजे सुबह मेरा ड्राइवर खेत की पलटाई करके लौट रहा था। एसडीएम की कार से प्राइवेट कर्मी आए मेरा टै्रक्टर रोक लिया। उनका कहना था कि हम ही एसडीएम हैं 20 हजार रुपये दीजिये। मेरे लोगां ने फोटो ली तो एसडीएम की कार लेकर भाग गए। फोटो में कार में बैठे हुए ड्राइवर का नाम राहुल सिंह है जो कि संविदा कर्मी है। राजेश सिंह स्टैनो बताया जा रहा है वह भी संविदा कर्मी है। होमगार्ड शिवराम पाल कार में बैठे हुए थे।

Garautha SDM

Web Title: Garautha SDM's illegal mining recovery after bogus encouter galvanize opens report ( Hindi News From Newstimes)


अब पाइए अपने शहर लखनऊ की खबरे (Lucknow News in Hindi) सबसे पहले Newstimes वेबसाइट पर और रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें न्यूजटाइम्स की हिंदी न्यूज़ ऐप एंड्राइड (Hindi News App)


कमेंट करें

अपनी प्रतिक्रिया दें

आपकी प्रतिक्रिया