निर्भया मामले में सुप्रीम कोर्ट का फैसला आज, पूरे देश की टिकी नजर


RAJNISH KUMAR 09/07/2018 10:33 AM
397 Views

New Delhi. 16 दिसंबर, साल 2012 में दिल्ली में हुए निर्भया गैंगरेप मामले के तीन दोषियों की याचिकाओं पर सोमवार को सुप्रीम कोर्ट अपना फैसला सुनाएगा। इस फैसले पर देश के लोगों की नजर बनी हुई है। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट 5 मई, 2017 को सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस दीपक मिश्रा ने चारों दोषियों की मौत की सजा को बरकरार रखा था।

Supreme court decides on Nirbhaya case today

प्रधान न्यायाधीश न्यायमूर्ति दीपक मिश्रा, न्यायमूर्ति आर. भानुमति और न्यायमूर्ति अशोक भूषण की पीठ विनय शर्मा, पवन गुप्ता और मुकेश सिंह की याचिकाओं पर अपराह्न् दो बजे फैसला सुनाएगी। चौथे दोषी अक्षय ठाकुर ने कोई समीक्षा याचिका दायर नहीं की है। निर्भया कांड के चार दोषियों में शामिल अक्षय ठाकुर ने सुप्रीम कोर्ट के पांच मई 2017 के फैसले के खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर नहीं की है।अभियुक्तों के वकील ने याचिका में कहा है कि असली अपराधियों को गिरफ्तार करने में असफल होने के बाद पुलिस ने निर्दोषलोगों को फंसाया था। शीर्ष अदालत ने पांच मई, 2017 को चार अभियुक्तों की मौत की सजा को बरकरार रखा था।

यह भी पढ़ें ... राजधानी की कमान संभाल बोले कलानिधि नैथानी, जब सड़कों पर दिखेगी पुलिस तो खुद कम होंगी घटनाएं

बता दें कि निर्भया गैंगरेप मामले में कुल 6 लोग आरोपी थे, जिनमें राम सिंह ने जेल में ही आत्महत्या कर ली थी। राम सिंह पेशे से बस ड्राइवर था। निर्भया के साथ जिस बस में गैंगरेप हुआ, उसे राम सिंह ही चला रहा था। इस वारदात में राम सिंह मुख्य आरोपी था। राम सिंह ने ही गैंगरेप के बाद निर्भया और उसके दोस्त को लोहे की रॉड से पीटा था। हालांकि पुलिस ने घटना कु कुछ देर बाद ही राम सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। 11 मार्च, 2013 को राम सिंह ने तिहाड़ जेल में खुदकुशी कर ली थी। जबकि इस मामले में एक नाबालिग दोषी को जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड ने तीन साल की अधिकतम सजा के साथ उसे सुधार केंद्र में भेजा था। दिसंबर, 2015 में सजा पूरी करने के बाद उसे रिहा कर दिया गया था।

वहीं, फास्‍ट ट्रैक कोर्ट में मामला चला और 13 सितंबर, 2013 को चार दोषियों को फांसी की सजा सुनाई गई। 13 मार्च, 2014 को दिल्‍ली हाई कोर्ट ने भी फांसी की सजा को बरकरार रखा। 5 मई, 2017 को एक बार फिर सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुनाते हुए दोषियों की मौत की सजा को बरकरार रखा था। वहीं 9 जुलाई 2018 को कोर्ट दोषियों द्वारा दायर पुनर्विचार याचिका पर फैसला सुनाएगा।

यह भी पढ़ें ... यूपी: डॉन मुन्ना बजरंगी की जेल में गोली मारकर हत्या, मचा हड़कम्प

Web Title: Supreme court decides on Nirbhaya case today ( Hindi News From Newstimes)


अब पाइए अपने शहर लखनऊ की खबरे (Lucknow News in Hindi) सबसे पहले Newstimes वेबसाइट पर और रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें न्यूजटाइम्स की हिंदी न्यूज़ ऐप एंड्राइड (Hindi News App)

कमेंट करें

अपनी प्रतिक्रिया दें

आपकी प्रतिक्रिया