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अन्ना हजारे बोले, लोकपाल लागू होता तो राफेल घोटाला सामने नहीं आता


DEEP KRISHAN SHUKLA 22/01/2019 08:53:54
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New Delhi. सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे के बयान ने मोदी सरकार को कटघरे में खड़ा करने का काम किया है। जन लोकपाल की पैरवी करने वाले अन्ना हजारे ने कहा कि अगर लोकपाल कानून पारित हो गया होता तो राफेल घोटाला न होता। इससे भी बड़ी बात उन्होंने यह कही कि ऐसा महसूस हो रहा कि देश पर तानाशाही की तरफ जाने का खतरा मंडरा रहा है। 

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लोकपाल के लिए बीते आठ वर्षों में तीसरी बार अनशन पर बैठने का मन बना चुके सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने 30 जनवरी से अपने गांव रालेगण सिद्धि में अनशन की घोषणा की है। उनका कहना है कि पूर्व में सरकार लिखित में लोकपाल कानून पारित करने का आश्वासन देने के बावजूद इससे कतरा रही है। केन्द्र सरकार ने किसानों को पेंशन व डेढ गुना अधिक न्यूनतम समर्थन मूल्य देने का भी वायदा किया था। उनका कहना है कि अब झूठे आश्वासनों से उनका भरोसा उठ गया है। अब अंतिम सांस तक लोकपाल के लिए अनशन जारी रहेगा। अन्ना हजारे ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद लोकपाल व लोकायुक्त अधिनियम, 2013 को लागू न करने पर केंद्र सरकार की निंदा की। सोमवार को उन्होंने भ्रष्टाचार रोधी कानून को लागू करने और किसानों से जुड़ी मांगों को लेकर 30 जनवरी से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल की घोषणा की।

मालूम हो कि अन्ना हजारे लम्बे समय से भ्रष्टाचार के खिलाफ कानून लाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। 81 वर्षीय अन्ना हजारे की बीते आठ सालों में लोकपाल की मांग को लेकर यह तीसरा अनशन होगा। सबसे पहले वह सिविल सोसायटी सदस्यों व समूहों का नेतृत्व करते हुए अप्रैल 2011 में पहली बार दिल्ली के रामलीला मैदान में अनिश्चतकालीन अनशन पर बैठे थे। बीते वर्ष मार्च माह में हजारे ने अपने समर्थकों के साथ रामलीला मैदान में एक सप्ताह भूख हड़ताल कर लोकपाल कानून लागू करने की मांग की थी।

 

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उनका कहना है कि किसी संवैधानिक संस्था का आदेश लागू नहीं करना देश को लोकतंत्र से तानाशाही की तरफ ले जाता है। सरकार का जो रवैया है, वह यही दर्शा रहा है। यह बात बड़ी ही चौंकाने वाली है कि यह सरकार सुप्रीम कोर्ट के आदेश का भी पालन नहीं करती। 

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उन्होंने समर्थकों से अपील की है कि रालेगण सिद्धि के बजाय सभी लोग अपने अपने स्थानों से ही यह अनशन शुरू करें। राष्ट्रीय किसान महापंचायत ने अन्ना हजारे को समर्थन की घोषणा की है। महापंचायत का दावा है कि देशभर के किसान संगठन भूख हड़ताल में शामिल होगें।


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Web Title: hajare bole lokpal hota to n hota rafel ghotala ( Hindi News From Newstimes)


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