थम नहीं रहा 'चमकी' से मौत का सिलसिला, मरने वालों का आंकड़ा हुआ 93


SHRADDHA SAHU 17/06/2019 10:44:46
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Bihar. बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में चमकी बुखार की चपेट में आने से अब तक करीब 93 बच्चों की मौत हो चुकी है। वहीं, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का पीड़ितों एवं उनके परिजनों से मिलने न पहुंचने पर सवाल उठाये जा रहे हैं। हालांकि सीएम नीतीश ने स्वास्थ्य विभाग, जिला प्रशासन और चिकित्सकों को हरसंभव कोशिश करने के निर्देश दिए हैं। सीएम ने प्रत्येक मृतक के परिजन को चार-चार लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है।

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जानकारी के मुताबिक, मृतक बच्चों की उम्र करीब दस वर्ष से कम थी। एक जून से अब तक एसकेएमसीएच अस्पताल में करीब 197 बच्चों को भर्ती कराया गया है। केजरीवाल अस्पताल में 91 बच्चों को भर्ती कराया गया ​है। इन बच्चों को एईएस होने का संदेह था, लेकिन अधिकतर हाइपोग्लाइसेमिया से पीड़ित पाए गए हैं।  

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन रविवार को स्थिति का निरीक्षण करने के लिए मुजफ्फरपुर पहुंचे थे। हर्षवर्धन ने मेडिकल कॉलेज का जायजा लेने के बाद कहा कि मैं इस क्षेत्र के लोगों, विशेष रूप से प्रभावित परिवारों को विश्वास दिलाता हूं कि समस्या को जड़ से समाप्त करने के लिए केंद्र सरकार राज्य सरकार को सभी संभव आर्थिक और तकनीकी सहयोग देगी। उन्होंने इस रोग की वजह से इस इलाके में पिछले कई सालों से हो रही बच्चों की मौत के मद्देनजर एसकेएमसीएच में बीमार बच्चों के लिए मौजूदा व्यवस्था को अपर्याप्त मानते हुए कहा कि यहां कम से कम 100 बिस्तरों वाला बच्चों का अलग से गहन चिकित्सा कक्ष (आईसीयू) बनना चाहिए।

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बहरहाल, अधिकारियों का कहना है कि ज्यादातर बच्चे हाइपोग्लाइसेमिया से पीड़ित थे। हाइपोग्लाइसेमिया में रक्त शर्करा का स्तर बहुत कम हो जाता है और साथ इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन भी होता है। एसकेएमसीएच में अब तक 69 बच्चों की जान जा चुकी है। जबकि 14 बच्चों ने केजरीवाल अस्पताल अपनी दम तोडी है।

Web Title: Death toll rises, 93 deaths figure ( Hindi News From Newstimes)


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