रवीन्द्रनाथ टैगोर की पंक्तियों को खलील जिब्रान का बता बुरे फंसे पाक पीएम इमरान, यूजर्स ने कहा...


NAZO ALI SHEIKH 20/06/2019 09:40 AM
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New Delhi. पाकिस्तान के प्राधानमंत्री आए दिन अपनी किसी न किसी हरकत की वजह से सोशल मीडिया पर छाए रहते हैं हर बार वह कुछ ऐसा कर देते हैं जिससे वह सोशल मीडिया यूजर्स का शिकार बन जाते हैं। हाल ही में एक बार फिर पाक पीएम इमरान खान यूजर्स के निशाने पर आ गए हैं। 

raveendranath taigor ki panktiyon ko khaleel jibraan ka bata bure Fanse paak pm imran khan

दरअसल, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने नोबेल पुरस्कार विजेता भारतीय विभूति रवींद्रनाथ टैगोर की पंक्तियों को लेबनानी-अमेरिकी कवि खलील जिब्रान का बता दिया बुधवार को अपने ट्विटर अकाउंट पर टैगोर के प्रसिद्ध उद्धरण का श्रेय खलील जिब्रान के देने के बाद वह ट्रोलर्स का शिकार हो गए। 

लोगों ने उन्हें अपना ज्ञान बढ़ाने तक की नसीहत दे डाली। वहीं एक यूजर ने मो. अली जिन्ना की फोटो लगाकर इमरान की ओर से रवींद्रनाथ टैगोर से माफी मांगता संदेश टैग कर दिया। इमरान खान ने टैगोर का एक अंग्रेजी में प्रेरणादायक उद्धरण साझा किया था। इस उद्धरण का हिंदी में अर्थ है- मैं सोया और सपना देखा कि जीवन आनंद है। मैं जागा और देखा कि जीवन सेवा है। मैंने सेवा की और पाया कि सेवा आनंद है। 

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इस ट्वीट के साथ उन्होंने कैप्शन में लिखा कि जो भी लोग जिब्रान के शब्दों में ज्ञान को खोजते हैं और उसे पा लेते हैं, वे कुछ इस तरह संतोष का जीवन भी पा लेते हैं। इमरान के इस ट्वीट पर गुरुवार सुबह साढ़े आठ बजे तक 28 हजार लाइक मिले थे, जबकि 6300 से ज्यादा  लोगों ने इसे रीट्वीट किया और तीन हजार से ज्यादा लोगों ने इस पर अपनी प्रतिक्रिया दी। ज्यादातर लोगों ने इस उद्धरण के साथ रवींद्रनाथ टैगोर की तस्वीर लगे 'टेंपलेट्स' शेयर करते हुए उन्हें फैक्ट चेक करने की सलाह दे डाली। वहीं कई यूजरों ने उन्हें अपना ज्ञान बढ़ाने को कह डाला। 

Web Title: raveendranath taigor ki panktiyon ko khaleel jibraan ka bata bure Fanse paak pm imran khan ( Hindi News From Newstimes)


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